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वाहन बनाने वाली कंपनियों के हितों को साध रहा है NGT: तरुण भारद्वाज

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अखिल भारतीय कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक तरुण भारद्वाज  ने भूतल परिवहन मंत्री नितीश गडकरी को पत्र लिखकर कहा कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल द्वारा राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में पेट्रोल और डीजल वाहनों के लिए क्रमशः 10 व 15 साल के नियम किसी भी प्रकार से ना तो देश हित में है और ना ही जनता के हित में। भारत जैसा विकासशील देश में वाहनों की उमर 10 साल व पेट्रोल वाहन की 15 साल से करना, कोई भी देशवासी उचित नहीं समझता है, और ना ही मानने को तैयार है। ऐसा प्रतीत होता है कि एनजीटी ने जनता की भावना के विरुद्ध व वाहन बनाने वाली कंपनियों के हितों को साधने की कोशिश की है।  उन्होंने कहा दुनिया के किसी भी देश में ऐसे नियम नहीं है अगर वाहन फिट है और प्रदूषण नहीं कर रहा है तो उसे सड़कों पर चलने की इजाजत मिलती है और इसके लिए सरकार फिटनेस चेक करवाने का नियम बना सकती है ना कि वाहन को स्क्रब करने का।  एनजीटी का यह नियम ना केवल आम जनता की जेब पर भारी पड़ रहा है बलिक लाखों की तादाद में स्क्रैप किए गए वाहनों का कबाड़ करने व् डिस्पोज़ कराना भी बहुत बड़ी समस्या बन जाएगा।   एक-एक पैसा जोड़कर ...

Did humpty dumpty really have a great fall ?

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The Hindenburg report, released on 24th Jan, 2023 had the intended outcome. The short seller shaved off $ 100 Billion Dollars or more of Adani Enterprise's market value. The Indian punters, an excitable lot, ensured a blood bath of Adani companies in the Indian bourses. The company's stock price crashed 28% on Feb 2 and billionaire Gautam Adani called off the Rs 20,000 Crore ($ 2.5 Billion) follow- on public offer (FPO) and said money will be returned to investors. It had the obvious spinoff on the political front as well. The opposition parties, starved of a really juicy morsel for long, jumped onto the ring with alacrity. A great fire is now raging between the ruling BJP and Opposition led by Congress. Parliament is in session, allegations - counter allegations are flying thick and fast. The common citizen is alarmed as LIC, SBI and other names, with which he may have a faint acquaintance, are being questioned. Most hope their hard earned money remains safe in this ba...

पुरानी हो चुकी बिजली की लाइनों को बदला जाये: तरुण भरद्वाज

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नोएडा। फेडरेशन ऑफ़ नोएडा इंडस्ट्रीज  के अध्यक्ष तरुण भरद्वाज ने नोएडा प्राधिकरण की मुख्यकार्यपालक अधिकारी ऋतू माहेश्वरी को पत्र लिखकर मांग की है कि  नोएडा के औद्योगिक सेक्टर -4,5, 9 व  10 में विद्युत की तारें काफी पुरानी हो गई है व जर्जर हालत में है, जिसके कारण आए दिन फॉल्ट होते हैं और दिन में दो-तीन बार बिजली काटनी पड़ती है। इसका असर औद्योगिक उत्पादन पर भी पड़ रहे हैं और फ़ैक्टरिओ  को काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है।  उन्होंने कहा कि पुरानी पड़ चुकी विद्युत लाइनें कभी भी दुर्घटना का कारण बन सकती हैं। पहले भी कई बार दुर्घटना हो चुकी है। हाल ही में सेक्टर 10 में एक अस्थाई लाइनमैन की दुर्घटना में मौत भी हो चुकी है इसलिए इन्हे जल्द से जल्द बदला जाये ।